इंदौर। प्रदीप चौधरी। इंदौर क्राइम ब्रांच ने गुम और चोरी हुए मोबाइल फोन की तलाश में बड़ी सफलता हासिल करते हुए करीब 75 लाख रुपये कीमत के 238 मोबाइल बरामद कर उनके वास्तविक मालिकों को सौंप दिए। वर्ष 2026 में अब तक 1045 मोबाइल फोन बरामद किए जाने का दावा है। कार्रवाई की सराहना के बीच सवाल यह भी उठ रहा है कि मोबाइल तो पुलिस ने खोज निकाले, लेकिन उन्हें चोरी करने या अवैध तरीके से हासिल करने वाले आरोपी अब तक कहां हैं?क्राइम ब्रांच की साइबर टीम ने Citizen Cop Application और CEIR/Sanchar Saathi Portal पर प्राप्त शिकायतों के आधार पर तकनीकी जांच और ट्रैकिंग के जरिए मोबाइल फोन तलाशे। बरामद मोबाइल मध्यप्रदेश के अलग-अलग जिलों के अलावा महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और राजस्थान सहित अन्य राज्यों से भी ट्रेस किए गए।बरामद मोबाइल में iPhone, Google Pixel, OnePlus, Samsung, Vivo, Oppo, Realme, Redmi, Tecno और Poco सहित कई कंपनियों के महंगे स्मार्टफोन शामिल हैं। पुलिस ने इन्हें उनके वास्तविक मालिकों को वापस कर राहत जरूर दी है।मोबाइल बरामदगी बड़ी उपलब्धि, लेकिन कार्रवाई अधूरी?मोबाइल बरामद होने से पीड़ितों को उनका सामान वापस मिल गया, लेकिन केवल मोबाइल की बरामदगी से चोरी और लूट का पूरा चक्र खत्म नहीं होता। यदि किसी मोबाइल के चोरी होने या लूटे जाने की शिकायत दर्ज है, तो उसके पीछे मौजूद आरोपी और पूरा नेटवर्क पुलिस की जांच के केंद्र में होना चाहिए।सबसे बड़ा सवाल यही है—मोबाइल की लोकेशन तक पुलिस पहुंच गई, मोबाइल बरामद हो गया, लेकिन मोबाइल चुराने वाला आरोपी क्यों नहीं मिला? अगर आरोपी अब भी फरार हैं, तो बरामदगी के साथ आरोपियों तक पहुंचने और पूरे नेटवर्क का खुलासा करने की चुनौती पुलिस के सामने बनी हुई है।क्राइम ब्रांच की ओर से लोगों से अपील की जा रही है कि मोबाइल गुम या चोरी होने पर तत्काल पुलिस को सूचना दें और Citizen Cop Application अथवा CEIR Portal पर शिकायत दर्ज कराएं। मोबाइल का IMEI नंबर, बिल और पुलिस शिकायत से संबंधित दस्तावेज जांच में उपयोगी साबित हो सकते हैं। फिलहाल 238 मोबाइल अपने मालिकों तक पहुंच चुके हैं, लेकिन मोबाइल चोरी करने वाले आरोपियों की गिरफ्तारी और उनके नेटवर्क का खुलासा इस कार्रवाई का अगला अहम पड़ाव माना जा रहा है। मोबाइल लौटे हैं, अब पुलिस से उम्मीद है कि आरोपी भी कानून के शिकंजे में आएं। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन फर्जी बैंक अधिकारी बनकर 1.89 लाख की ऑनलाइन ठगी, दिल्ली से दो आरोपी गिरफ्तार ज्वाइंट प्रॉपर्टी में फर्जी हस्ताक्षर का आरोप, तीन हिरासत में; दो की तलाश