बड़वानी। प्रदीप चौधरी। पुलिस की कार्यप्रणाली में संवेदनशीलता और सुधार की सोच को बढ़ावा देने की दिशा में बड़वानी के कोतवाली थाना परिसर में अनूठी पहल की गई है। एसपी श्री पद्म विलोचन शुक्ला के मार्गदर्शन में थाना परिसर के बंदी गृह को केवल सजा के स्थान के बजाय सुधार केंद्र के रूप में विकसित किया गया है।बंदी गृह की दीवारों पर प्रेरणादायक संदेश लिखे गए हैं— “एक गलती जीवन का अंत नहीं, सुधार की शुरुआत हो सकती है” और “भूल अंत नहीं है, यदि उससे सीख लेकर धर्म और सत्य के मार्ग पर चला जाए, तो वही भूल जीवन के उत्थान का कारण बन जाती है।” दीवारों पर महात्मा बुद्ध और अंगुलिमाल की कथा को चित्रों के माध्यम से दर्शाया गया है, जिसमें अपराध से सुधार और सत्य के मार्ग पर लौटने का संदेश दिया गया है। View this post on Instagram थाना परिसर में लाइब्रेरी भी बनाई गई है, जहां किताबों के साथ प्रेरणादायक पोस्टर लगाए गए हैं। वहीं बाहर की दीवारों पर “कर्तव्य, न्याय, सुरक्षा, देशभक्ति” जैसे संदेशों के साथ किसान, जवान और पुलिस के योगदान को दर्शाया गया है।थाने में महिला हेल्प डेस्क के साथ बच्चों के लिए अलग कक्ष भी तैयार किया गया है। यहां कार्टून पात्र, फूल और परिवार से जुड़े चित्र बनाए गए हैं, ताकि थाने आने वाले बच्चों के मन में भय का माहौल न बने।कोतवाली थाना ISO 9001:2015 प्रमाणित होने के साथ World Book of Records में दर्ज होने की जानकारी भी परिसर में प्रदर्शित की गई है। पुलिस की इस पहल का उद्देश्य यही संदेश देना है कि कानून के तहत कार्रवाई के साथ व्यक्ति को सुधार और बेहतर जीवन की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर भी मिलना चाहिए। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन RTI में फंसा पेंच: महर्षि महेश योगी वैदिक विश्वविद्यालय के रुख पर उठे सवाल इंदौर में आबकारी विभाग की बड़ी कार्रवाई, 34 पेटी अवैध शराब जब्त