उज्जैन। प्रदीप चौधरी। सिंहस्थ-2028 की तैयारियों को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और केंद्रीय आवासन एवं शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल खट्टर ने शनिवार को त्रिवेणी घाट पहुंचकर निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया। दोनों नेताओं ने घाट निर्माण की प्रगति का जायजा लिया और अधिकारियों को गुणवत्ता तथा समय-सीमा का विशेष ध्यान रखते हुए कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव और केंद्रीय मंत्री खट्टर ने नीम, रुद्राक्ष एवं पीपल के पौधे रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में सिंहस्थ-2028 को भव्य, दिव्य और सुव्यवस्थित स्वरूप दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को सनातन संस्कृति के वैभव के अनुरूप सभी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।अधिकारियों ने बताया कि सिंहस्थ-2028 के लिए करीब 778 करोड़ रुपये की लागत से 29.15 किलोमीटर लंबे नवीन घाटों का निर्माण किया जा रहा है। अब तक 18.20 किलोमीटर लंबी रिटेनिंग वॉल का निर्माण पूरा हो चुका है, जबकि 7 किलोमीटर नवीन घाट तैयार किए जा चुके हैं। लगभग 22 किलोमीटर क्षेत्र में घाट निर्माण कार्य तेजी से जारी है।श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए नवीन घाटों पर प्रवेश और निकासी के लिए 150 से अधिक स्थान चिन्हित किए गए हैं। इससे मेले के दौरान भीड़ प्रबंधन को बेहतर बनाया जा सकेगा और श्रद्धालुओं को सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी।मुख्यमंत्री ने कहा कि सिंहस्थ केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिक परंपरा का वैश्विक उत्सव है। इसलिए सभी निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और आधुनिक सुविधाओं का समावेश सुनिश्चित किया जा रहा है, ताकि उज्जैन आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर अनुभव मिल सके। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन दो माह से फरार अपहरण व दुष्कर्म का आरोपी गिरफ्तार इंदौर के साथ 6 जिलों के 2781 गांवों से होगा विकसित मध्यप्रदेश का सूर्योदय