आईजी कॉन्फ्रेंस में पुलिस की उपलब्धियों की सराहना, आतंकवाद, नक्सलवाद और साइबर अपराधों पर सख्ती के निर्देशभोपाल। प्रदीप चौधरी।। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को पुलिस मुख्यालय में आयोजित राज्य स्तरीय आईजी कॉन्फ्रेंस में मध्यप्रदेश पुलिस की कार्यप्रणाली की सराहना करते हुए कहा कि प्रदेश पुलिस किसी भी चुनौती से निपटने में सक्षम है। उन्होंने हाल ही में एक संदिग्ध आतंकी नेटवर्क का पर्दाफाश करने वाली कार्रवाई का उल्लेख करते हुए कहा कि “हमारी पुलिस बिल में छुपे सपोलों को पकड़ने में समर्थ है।” Dr. CM मोहन यादव पुलिस मुख्यालय पहुंचने पर मुख्यमंत्री को गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेशवासियों का कानून व्यवस्था पर विश्वास बनाए रखना पुलिस का पहला दायित्व है। पीड़ितों के साथ संवेदनशील व्यवहार और शिकायतों के त्वरित निराकरण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए।आतंकवादी नेटवर्क का पर्दाफाश, पुलिस को बधाईमुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें संतोष है कि मध्यप्रदेश पुलिस ने समय रहते ऐसी साजिश का खुलासा किया, जो भविष्य में देश की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा बन सकती थी। उन्होंने कहा कि पुलिस ने न केवल संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया, बल्कि उसके पूरे नेटवर्क और कथित षड्यंत्र का भी भंडाफोड़ किया। इस कार्रवाई में जिहादी विचारधारा से संबंधित बड़ी मात्रा में साहित्य भी बरामद किया गया।उन्होंने कहा कि यह कार्रवाई दर्शाती है कि मध्यप्रदेश पुलिस आतंकवाद और राष्ट्रविरोधी गतिविधियों के विरुद्ध प्रभावी एवं सक्षम कार्रवाई करने में पूरी तरह समर्थ है। Dr. CM मोहन यादव नक्सलवाद के खिलाफ सफलता का उल्लेखमुख्यमंत्री ने कहा कि पिछले ढाई वर्षों में मध्यप्रदेश पुलिस ने कई ऐतिहासिक उपलब्धियां हासिल की हैं। मंडला, बालाघाट और डिंडोरी जैसे क्षेत्रों में वर्षों से नक्सलवाद विकास में बाधा बना हुआ था, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के मार्गदर्शन में पुलिस ने नक्सल गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित किया है।उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश उन राज्यों में शामिल है, जिसने नक्सलवाद के प्रभाव को समाप्त करने की दिशा में उल्लेखनीय सफलता प्राप्त की है।साइबर अपराध और महिला सुरक्षा पर जोरडॉ. यादव ने पुलिस अधिकारियों को साइबर अपराधों की रोकथाम और जनजागरूकता अभियान को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने महिला एवं बाल सुरक्षा, मानव तस्करी पर नियंत्रण और सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने के लिए विशेष प्रयास करने को कहा।साथ ही धार्मिक स्थलों पर ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग को लेकर न्यायालयों के निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया। सिंहस्थ-2028 की तैयारियों पर चर्चामुख्यमंत्री ने कहा कि सिंहस्थ-2028 करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का पर्व है। ऐसे आयोजन में मध्यप्रदेश पुलिस को संवेदनशीलता, सतर्कता और सेवा भाव के साथ आदर्श कानून व्यवस्था का उदाहरण प्रस्तुत करना होगा।पुलिस भर्ती और संसाधनों में बढ़ोतरीमुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार पुलिस बल को मजबूत बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। सब-इंस्पेक्टरों की भर्ती की जा चुकी है और पिछले वर्ष से 22 हजार पदों पर भर्ती अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि पुलिस विभाग में कोई भी स्वीकृत पद रिक्त न रहे।उन्होंने विश्वास जताया कि संसाधनों और आधुनिक तकनीक की मदद से मध्यप्रदेश पुलिस भविष्य की सभी चुनौतियों का सफलतापूर्वक सामना करेगी। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन तीसरी संतान पर अफसर बर्खास्त, CM की घोषणा के 48 घंटे बाद कार्रवाई से उठा विवाद धर्मेंद्र प्रधान के विरोध से पहले NSUI कार्यकर्ता गिरफ्तार