इंदौर। प्रदीप चौधरी। सोमवार दोपहर बाद इंदौर शहर में मौसम ने अचानक करवट ली और तेज धूल भरी आंधी के साथ बवंडर जैसी स्थिति बन गई। शहर के कई इलाकों, विशेषकर कनाड़िया, गीता भवन और पूर्वी क्षेत्र में तेज हवाओं के कारण जनजीवन प्रभावित हुआ। आंधी इतनी तेज थी कि कई स्थानों पर होर्डिंग, पोस्टर और साइन बोर्ड हवा में उड़ते नजर आए, जबकि दर्जनों पेड़ और उनकी बड़ी शाखाएं धराशायी हो गईं।तेज हवाओं के कारण कई पेड़ बिजली के खंभों और तारों पर गिर गए, जिससे अनेक क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। आंधी के दौरान धूल का घना गुबार छा गया और कुछ ही देर बाद शहर के कई हिस्सों में बारिश शुरू हो गई। राहत की बात यह रही कि समाचार लिखे जाने तक किसी प्रकार की जनहानि की सूचना नहीं मिली थी।मप्र पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी के अनुसार तेज आंधी के कारण करीब 40 स्थानों पर 33 केवी बिजली लाइनों और पोलों के पास पेड़ एवं शाखाएं गिरने से बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई। स्थिति को संभालने के लिए करीब 800 कर्मचारियों को मैदान में उतारा गया। अधिकारियों के अनुसार शाम साढ़े सात बजे तक प्रभावित सभी 20 प्रमुख 33 केवी फीडरों की बिजली आपूर्ति बहाल कर दी गई, जबकि 11 केवी लाइनों पर चल रहे सुधार कार्यों को भी तेजी से पूरा किया गया।पोलोग्राउंड स्थित स्कॉडा कंट्रोल सेंटर से कंपनी के प्रबंध निदेशक अनूप कुमार सिंह ने लगातार स्थिति की निगरानी की। मुख्य अभियंता आर.सी. जैन और शहर अधीक्षण यंत्री मनेंद्र गर्ग ने भी फील्ड अधिकारियों के साथ समन्वय बनाकर आपूर्ति व्यवस्था को सामान्य करने के निर्देश दिए। विभाग की टीमों ने दोपहर से शाम तक बिजली संबंधी दो हजार से अधिक शिकायतों का निराकरण किया।मौसम विभाग की चेतावनियों के बीच प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि तेज आंधी और खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलें। खुले स्थानों, पेड़ों, बिजली के खंभों और बड़े होर्डिंग्स के आसपास जाने से बचें, ताकि किसी संभावित दुर्घटना से सुरक्षित रहा जा सके। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन एमपी में जल्द लागू होगी यूसीसी, जनता से सुझाव साझा करने की अपील: सीएम मोहन यादव एमडी ड्रग सप्लायर शाहरुख गिरफ्तार, बड़नगर पुलिस की बड़ी कार्रवाई