कांग्रेस विधायक बाबू जंडेल ने गांधी प्रतिमा के सामने लगाया शीर्षासन, झूठी FIR के विरोध में अनोखा प्रदर्शनभोपाल, प्रदीप चौधरी। 27 फरवरी 2026: मध्य प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र में आज एक अनोखा और हैरान करने वाला नजारा देखने को मिला, जब श्योपुर से कांग्रेस विधायक बाबू जंडेल ने विधानसभा परिसर में महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने शीर्षासन (सिर के बल खड़े होकर) कर विरोध दर्ज कराया। उन्होंने इसे ‘गांधीवादी तपस्या’ और ‘विरोधासन’ करार दिया। विधायक बाबू जंडेल ने आरोप लगाया कि राज्य सरकार के दबाव में उन पर लगातार झूठी FIR दर्ज की जा रही हैं। उनके अनुसार, पिछले एक महीने में ही तीन नई FIR दर्ज की गई हैं, जबकि अब तक कुल 15 FIR उनके खिलाफ हो चुकी हैं। उन्होंने कहा, “मैं गौ वंश (गायों) की सुरक्षा के लिए कलेक्ट्रेट का घेराव करता हूं, तो FIR दर्ज हो जाती है। शिवरात्रि पर शिव बारात में पटाखा फोड़ने (हर्ष फायरिंग) पर भी केस कर दिया गया। पटाखे चल रहे थे, मैंने बस एक फायर किया, लेकिन मेरे खिलाफ FIR हो गई।”विधायक ने आगे कहा कि जब भी वे किसानों, जनता की समस्याओं या गौ संरक्षण जैसे मुद्दों पर आवाज उठाते हैं, तो उन पर राजनीतिक विद्वेष से FIR दर्ज कराई जाती है। उन्होंने बताया कि सदन में उनके कांग्रेस साथी विधायकों ने शून्यकाल में यह मामला उठाया, लेकिन सिर्फ आश्वासन मिला। सदन से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।“मर जाऊंगा लेकिन डरूंगा नहीं”बाबू जंडेल ने दावा किया कि कई मामलों में हाईकोर्ट ने उन्हें बरी किया है, लेकिन सरकार उन्हें फंसाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा, “भाजपाई नेता फायरिंग करते हैं, डांस करते हैं, लेकिन उनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं। मेरे खिलाफ अक्सर झूठे केस बनाए जाते हैं।” उन्होंने घोषणा की कि वे सभी FIR निरस्त होने तक अपना विरोध जारी रखेंगे।यह घटना विधानसभा के बजट सत्र के 10वें दिन हुई, जिसके बाद सदन की कार्यवाही अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दी गई। कांग्रेस विधायकों ने सदन से वॉकआउट भी किया।यह अनोखा विरोध मध्य प्रदेश की राजनीति में चर्चा का विषय बन गया है, जहां विधायक ने योगासन के जरिए अपनी बात रखी और सरकार पर राजनीतिक प्रतिशोध का आरोप लगाया। View this post on Instagram Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन इंदौर पुलिस कमिश्नरेट के एसीपी के कार्यों के मूल्यांकन का माह जनवरी का परिणाम जारी इंदौर क्राइम ब्रांच के एडिशनल डीसीपी राजेश डंडोतिया: साइबर योद्धा और समाज के सच्चे रक्षक