इंदौर, प्रदीप चौधरी। 4 जनवरी 2026। भागीरथपुरा में दूषित पेयजल से हुई मौतों की जांच तेज हो गई है। कोलकाता से विशेषज्ञ वैज्ञानिकों की टीम देर रात एमवाई अस्पताल पहुंची, जहां उन्होंने अब तक की मौतों, मरीजों की स्थिति और उपलब्ध सैंपलों के बारे में विस्तृत जानकारी जुटाई। टीम ने अस्पताल पहुंचने के बाद तुरंत स्थानीय स्वास्थ्य अधिकारियों से मुलाकात की और मौतों के कारणों, बैक्टीरियल संक्रमण की रिपोर्ट तथा कल्चर टेस्ट के नतीजों पर चर्चा की। टीम ने मांगे गए सैंपलों की रिपोर्ट का अध्ययन किया और आगे की जांच के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।इसके बाद टीम भागीरथपुरा क्षेत्र पहुंची, जहां उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया, प्रभावित परिवारों से बातचीत की और पानी सप्लाई लाइन, लीकेज पॉइंट तथा सीवर कनेक्शन की मौके पर जांच की। वैज्ञानिक टीम जांच पूरी होने के बाद अपनी रिपोर्ट जांच केंद्र को सौंपेगी, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई निश्चित होगी।उल्लेखनीय है कि इस त्रासदी में स्थानीय दावों के अनुसार 16 से अधिक मौतें हो चुकी हैं (आधिकारिक आंकड़े अलग-अलग), जबकि सैकड़ों लोग अस्पताल में भर्ती हैं। बैक्टीरियल कंटेमिनेशन की पुष्टि हो चुकी है, और जांच में पाइपलाइन लीकेज तथा सीवर मिक्सिंग मुख्य कारण सामने आए हैं।प्रशासन का कहना है कि कोलकाता की विशेषज्ञ टीम की रिपोर्ट से मामले की गहराई समझने और जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई में मदद मिलेगी। शहरवासी अब सुरक्षित पानी और न्याय की उम्मीद कर रहे हैं। View this post on Instagram Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन एक तरफ 16 परिवारों में मातम, दूसरी तरफ विधानसभा-3 के मीडिया प्रभारी का ‘जश्न-ए-जन्मदिन’ — शहर में उठे नैतिकता के गंभीर सवाल भागीरथपुरा में पेयजल संकट के बाद राहत की खबर: जांच में प्रमुख रोगाणु नेगेटिव