इंदौर, आमिर खान– शारदीय नवरात्रि के आगमन को देखते हुए इंदौर शहर में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क मोड में है। आज दोपहर साढ़े तीन बजे आयोजित महत्वपूर्ण बैठक में गरबा महोत्सव और नौ प्रमुख दुर्गा पंडालों में सुरक्षा इंतजामों की गहन समीक्षा की गई। डीसीपी सहित वरिष्ठ अधिकारी, आयोजक, मोहल्ला समितियों और ग्रांट नगर रक्षा समिति के प्रतिनिधि मौजूद रहे। बैठक में साफ निर्देश दिए गए कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, और उत्सव को शांतिपूर्ण व सौहार्दपूर्ण माहौल में संपन्न कराने का लक्ष्य रखा गया है। अमित सिंह , एडिशनल पुलिस कमिश्नर बैठक में प्रमुख फैसले: सामूहिक प्रयास पर जोरबैठक में गरबा आयोजकों से विस्तृत चर्चा हुई। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बड़े आयोजनों में शामिल होने वाली भीड़ का कम से कम 10 प्रतिशत हिस्सा वॉलंटियर्स के रूप में लगाया जाए। ये वॉलंटियर्स पुलिस, आयोजकों और स्थानीय समितियों के साथ मिलकर व्यवस्था बनाए रखेंगे – जैसे भीड़ प्रबंधन, प्रवेश-निकास नियंत्रण और आपातकालीन सहायता। अधिकारियों का मानना है कि सामूहिक प्रयास से ही इन कार्यक्रमों को सफल और सुरक्षित बनाया जा सकता है। इसके अलावा, आधुनिक तकनीक का सहारा लेते हुए ड्रोन निगरानी और सीसीटीवी कैमरों की मदद से प्रमुख पंडालों और गरबा स्थलों पर 24×7 नजर रखी जाएगी। पुलिस कमिश्नरेट ने पहले ही निर्देश जारी किए हैं कि सभी थाना प्रभारी अपने क्षेत्रों में आयोजनों की पूरी जानकारी (स्थान, तिथि, समय, आयोजक का नाम व संपर्क) एकत्र करें और उसके अनुरूप बल तैनाती सुनिश्चित करें। ट्रैफिक व्यवस्था: 8 स्थानों पर डायवर्जन प्लाननवरात्रि के दौरान बढ़ने वाली भीड़ को देखते हुए ट्रैफिक व्यवस्था पर विशेष फोकस है। शहर के आठ प्रमुख स्थानों पर ट्रैफिक डायवर्जन की योजना तैयार की गई है, ताकि श्रद्धालुओं और आम नागरिकों को असुविधा न हो। व्यस्त इलाकों जैसे विजय नगर, लसुड़िया, पलासिया और सराफा रोड में वैकल्पिक मार्गों का संकेतन किया जाएगा। रास उल्लास गरबा महोत्सव जैसे बड़े आयोजनों में ट्रैफिक जागरूकता अभियान भी चलाया जा रहा है, जहां पंडालों में ट्रैफिक सिग्नल की थीम पर गरबा तक खेला जा रहा है। महिला सुरक्षा को प्राथमिकता: रात्रि गश्त और संयुक्त तैनातीरात के समय गरबा की धूम रहने से महिला सुरक्षा को शीर्ष प्राथमिकता दी गई है। महिला पीसीआर वाहन लगातार गश्त करेंगे, जबकि पुरुष अधिकारी भी संयुक्त रूप से तैनात रहेंगे। प्रत्येक पंडाल में महिला हेल्प डेस्क स्थापित किया जाएगा, जहां शिकायत दर्ज कराने की सुविधा होगी। एडिशनल कमिश्नर अमित सिंह ने बताया, “नवरात्रि के नौ दिनों में पुलिस बल पूरी तरह अलर्ट रहेगा। हमारा उद्देश्य है कि आयोजकों और पुलिस के बीच पूर्ण तालमेल से उत्सव बिना किसी हादसे के संपन्न हो। ड्रोन और सीसीटीवी से संदिग्ध गतिविधियों पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।”लव जिहाद और अन्य चिंताओं पर सतर्कताहाल के दिनों में इंदौर-भोपाल क्षेत्र में लव जिहाद के बढ़ते मामलों (इंदौर में 74 प्रकरण दर्ज) को देखते हुए गरबा पंडालों में अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। हिंदू संगठनों की ओर से युवतियों को सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है, जबकि पुलिस ने आईडी चेक और तिलक व्यवस्था पर कोई बाध्यकारी निर्देश नहीं दिया है, लेकिन सुरक्षा के नाम पर स्वैच्छिक उपायों को प्रोत्साहन दिया जा रहा है। गरबा आयोजकों को निर्देश हैं कि पारंपरिक वेशभूषा, पानी की व्यवस्था और सुरक्षित चेंजिंग रूम सुनिश्चित करें। गलत व्यवहार या हुड़दंग पर सख्त कार्रवाई का ऐलान किया गया है। क्या उम्मीद करें श्रद्धालु?शारदीय नवरात्रि 22 सितंबर से 1 अक्टूबर तक चलेगी, और इंदौर में रास उल्लास, अभ्युदय गरबा मंडल जैसे प्रमुख आयोजन भक्ति और उत्साह से भरपूर रहेंगे। पुलिस का यह व्यापक प्लान न केवल अपराध नियंत्रण बल्कि साम्प्रदायिक सौहार्द बनाए रखने पर केंद्रित है। जनता से अपील है कि उत्सव का आनंद लें, लेकिन ट्रैफिक नियमों का पालन करें और वॉलंटियर्स का सहयोग करें। View this post on Instagram Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन इंदौर में बढ़ते अपराध पर नकेल: पुलिस कमिश्नर ने शुरू किया अनोखा प्रयोग, दो थानों में सहायक थाना प्रभारी की नियुक्ति इंदौर पुलिस की गुंडों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई: 1220 बदमाश चेक, 559 पर वैधानिक कार्रवाई