इंदौर, मध्य प्रदेश का वह शहर, जो अपनी स्वच्छता और व्यवस्था के लिए जाना जाता है, आज नशे के साये में डूबता नजर आ रहा है। इंदौर पुलिस की ‘ऑपरेशन प्रहार’ मुहिम, जिसे नशा तस्करों और गुंडे-बदमाशों के खिलाफ कड़ा कदम उठाने के लिए शुरू किया गया था, खजराना थाना क्षेत्र में अपनी चमक खोती दिख रही है। खजराना क्षेत्र में असामाजिक तत्व खुलेआम मादक पदार्थों जैसे ब्राउन शुगर, स्मैक और अन्य नशीले पदार्थों का सेवन कर रहे हैं। इतना ही नहीं, ये तत्व नशे की तस्करी में भी लिप्त हैं और क्षेत्र की जनता के मन में भय का माहौल पैदा कर रहे हैं। खुद को ‘क्षेत्र का गुंडा’ बताने वाले ये बदमाश नशे के नशे में चूर होकर आम नागरिकों को डराने-धमकाने से भी नहीं चूकते। View this post on Instagram स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर कोई साहसी नागरिक इन असामाजिक तत्वों की शिकायत लेकर खजराना थाने पहुंचता है, तो उसे न केवल निराशा हाथ लगती है, बल्कि शिकायत के बाद ये गुंडे और भी बेखौफ होकर शिकायतकर्ता को धमकाते हैं। ये बदमाश खुलेआम कहते हैं, “पुलिस हमारा क्या बिगाड़ लेगी?” इससे साफ जाहिर होता है कि खजराना थाना क्षेत्र में इन असामाजिक तत्वों की तथाकथित ‘पकड़’ इतनी मजबूत है कि पुलिस भी उनके खिलाफ कार्रवाई करने में हिचक रही है। सूत्रों की मानें तो खजराना थाने पर कुछ प्रभावशाली लोगों की सांठगांठ के चलते इन नशा तस्करों पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही। न्यूज नेशनल वर्ल्ड आज दो ऐसे अज्ञात असामाजिक तत्वों का चेहरा उजागर करने जा रहा है, जो खजराना क्षेत्र में नशे का कारोबार चला रहे हैं और पुलिस की निष्क्रियता का फायदा उठाकर बेखौफ घूम रहे हैं। सवाल यह उठता है कि क्या ‘ऑपरेशन प्रहार’ सिर्फ कागजी कार्रवाई बनकर रह गया है? क्या खजराना थाना क्षेत्र में नशे के खिलाफ कोई प्रभावी कदम उठाया जाएगा, या फिर ये नशेड़ी और तस्कर यूं ही जनता पर कहर बरपाते रहेंगे? जनता जवाब मांग रही है, और अब समय है कि पुलिस अपनी जिम्मेदारी को गंभीरता से निभाए। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन बड़नगर-बदनावर हाईवे टोल कर्मचारियों पर उज्जैन पुलिस की सख्त कार्रवाई चोरहटा थाना पुलिस ने कार सहित 1155 शीशी प्रतिबंधित नशीली कफ सिरप के साथ दो आरोपियो को किया गिरफ़्तार