देश की 80% आबादी 25000 से कम कमा रही है, वहीं 10% लोग करोड़ों रुपया रोज, यही हालत चलते रहे तो हिंदुस्तान टूट जाएगा वामपंथी विचारक अशोक राव ने ट्रेड यूनियन कार्यकर्ताओं से चर्चा करते हुए देश और दुनिया के हालातों पर विस्तार से प्रकाश डाला इंदौर । देश के प्रसिद्ध वामपंथी विचारक और बिजली कर्मचारियों के नेता अशोक राव ने कहा कि देश की हालत अत्यंत खराब है। जिस तरह से सरकार में बैठे लोग काम कर रहे हैं उससे मुसलमान का क्या होगा यह तो पता नहीं, लेकिन हिंदुस्तान जरूर टूट जाएगा । अशोकराव अभ्यास मंडल की व्याख्यानमाला में भाग लेने के लिए इंदौर आए थे और आज अभिनव कला समाज सभागृह में इंदौर के विभिन्न ट्रेड यूनियन और वामपंथी कार्यकर्ताओं से चर्चा कर रहे थे । उन्होंने देश में बढ़ रही गैर बराबरी की चर्चा करते हुए कहा कि 80% लोग ₹25000 या उससे भी कम कमा रहे हैं, जबकि 10% लोग करोड़ों रुपया । यदि इसी तरह से चलता रहा तो 1 दिन ऐसा आएगा जब लोगों की क्रय शक्ति जवाब दे जाएगी । बाजार में सामान तो उपलब्ध होगा, लेकिन खरीदने वाले नहीं होंगे । हालात पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान और श्रीलंका से भी बदतर हो जाएंगे। आपने कहा कि तकनीक बदल रही है इसलिए ट्रेड यूनियन मूवमेंट को भी फिर से विचार करना चाहिए । आज वेतन, भत्तो की लड़ाई के बजाय देश बचाने की लड़ाई लड़ना पड़ेगी। आपने कहा कि ट्रेड यूनियन मूवमेंट डीआर गनाइज हो रहा है। इसलिए अब तकनीक भी बदलना पड़ेगी। आपने विदेशों का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां के ट्रेड यूनियन में अनुसंधान भी होते हैं, उद्योग की समस्याओं पर चिंतन भी होता है और जानकार लोग चर्चा में शामिल होते हैं, जबकि हमारे यहां ट्रेड यूनियन कार्यकर्ताओं का कहीं कोई शिक्षण प्रशिक्षण नहीं होता है।दुनिया की अर्थव्यवस्था की चर्चा करते हुए श्री राव ने कहा कि दुनिया में अब डालर को बायपास कर व्यापार शुरू हो गया है। अमेरिका की दादागिरी और तीसरी दुनिया पर बारगेनिंग केपीसीटी कम हो गई है। आपने कहा कि वर्तमान राजनीतिक हालातों में वामपंथी समाजवादी ताकतों को एकजुट होना चाहिए यह देश की जरूरत है । चर्चा में प्रमुख रूप से अरविंद पोरवाल ,सुनील चंद्रन, रूद्र पाल यादव, मनोहर लिंबोदिया, सीएल सर्रावत, रामस्वरूप मंत्री, मुकेश चौधरी, कैलाश लिंबोदिया, शफी शेख, भागीरथ कछवाय, भारत सिंह ठाकुर, नागर एडवोकेट, अशोक दुबे ,अजय लागू, रामदेव सयादीवाल, सहित बड़ी संख्या में ट्रेड यूनियन और वामपंथी आंदोलन से जुड़े कार्यकर्ता शरीक थे। करीब 1 घंटे के लंबे उद्बोधन में श्री अशोक राव ने रूस- यूक्रेन युद्ध, चीन की बढ़ती ताकत, अमेरिका की पूंजीवादी सोच, एनजीओ द्वारा अपने लाभ के लिए पूंजी पतियों के राज की वकालत तथा तीसरी दुनिया में अमेरिका की गिरती ताकत पर विस्तार से चर्चा की ।उन्होंने कर्नाटक चुनाव की चर्चा करते हुए कहा कि कांग्रेस ने कर्नाटक की जनता से वादे तो किए हैं लेकिन उन वादों को कैसे पूरा किया जाएगा , यह समझ से परे है । उन्होंने दक्षिण और उत्तर की राजनीति की चर्चा करते हुए कहा कि दक्षिण भारत में बहुत पहले से मंडल ताकतवर है इसलिए वहां पर हिंदू मुसलमान और मंदिर मस्जिद के झगड़े नहीं चले , जबकि उत्तर भारत में नेता तो मंडल के बन गए लेकिन जनता तक मंडल की ताकत नहीं पहुंची है ।यहां का पिछड़ा समझने को भी तैयार नहीं है । इसीलिए दक्षिण और उत्तर की लड़ाई बढ़ती जा रही है । Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन रतनगढ़ मे सेवादिवस के रुप मे मनाया सांसद सुधिर गुप्ता का जन्मदिवस महासंघ 22 मई हड़ताल का बहिष्कार , आम जनता के हित में कार्य। हाईकोर्ट में बाईक टैक्सी की याचिका विचार धीन