इंदौर। प्रदीप चौधरी। लोकायुक्त संगठन की इंदौर इकाई ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए बड़वानी जिले के राजपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के तीन डॉक्टरों को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोपियों पर मरीजों को निजी पैथोलॉजी लैब भेजने के एवज में कमीशन मांगने का आरोप है। लोकायुक्त के अनुसार आवेदक अदनान अली, जो राजपुर स्थित सेवा पैथोलॉजी लैब में मैनेजर हैं, ने शिकायत दर्ज कराई थी कि सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र राजपुर के डॉक्टर मरीजों को उनकी लैब पर भेजने के बदले जांच राशि में कमीशन लेते हैं। शिकायत में बताया गया कि पहले 20 प्रतिशत कमीशन लिया जाता था, लेकिन हाल ही में इसे बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दिया गया था।शिकायत के सत्यापन में आरोप सही पाए जाने के बाद लोकायुक्त ने ट्रैप कार्रवाई की योजना बनाई। कार्रवाई के दौरान आरोपी डॉ. अमित शाक्य को 8 हजार रुपए, डॉ. दिव्या साईं को 5 हजार रुपए और डॉ. मनोहर गोदारा को 12 हजार रुपए रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया। कुल रिश्वत राशि 25 हजार रुपए थी। तीनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 2018 की धारा-7 एवं बीएनएस 2023 की धारा 61(2) के तहत कार्रवाई की जा रही है।इस कार्रवाई में डीएसपी सुनील तालान, निरीक्षक रेनू अग्रवाल सहित लोकायुक्त टीम के कई अधिकारियों और कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।लोकायुक्त संगठन ने आमजन से अपील की है कि यदि कोई शासकीय अधिकारी या कर्मचारी रिश्वत की मांग करता है तो इसकी शिकायत तुरंत लोकायुक्त कार्यालय में करें। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन कान्हा में ‘किलर वायरस’ की दस्तक! 9 दिन में 6 बाघों की मौत से हड़कंप जीआरपी इंदौर ने की लावारिस दोपहिया वाहनों की नीलामी, शासन को मिला 51 हजार का राजस्व