बालेंद्र शाह के नेतृत्व में नई सरकार, 80% से अधिक मंत्री उच्च शिक्षित; सुधार और डिजिटल नेपाल पर फोकस नेपाल।। काठमांडू में 27 मार्च 2026 को बनी नई सरकार को न सिर्फ देश की सबसे युवा बल्कि सबसे शिक्षित कैबिनेट के रूप में देखा जा रहा है। के नेतृत्व में गठित 15 सदस्यीय मंत्रिमंडल ‘जनरेशन-जेड सरकार’ के नाम से चर्चा में है। राष्ट्रपति द्वारा शपथ दिलाए गए इस मंत्रिमंडल में औसत उम्र 35-40 वर्ष के बीच है और इसमें 5 महिला मंत्री भी शामिल हैं। मार्च 2026 के आम चुनाव में (आरएसपी) की प्रचंड जीत के बाद यह सरकार बनी। शिक्षा में सबसे आगे यह कैबिनेट इस सरकार की सबसे बड़ी खासियत इसका उच्च शैक्षणिक स्तर है। कुल 15 मंत्रियों में— 2 के पास पीएचडी (डॉक्टरेट) 10 मंत्री स्नातकोत्तर (मास्टर्स) डिग्री धारक 3 मंत्री स्नातक (बैचलर) 1 सदस्य उच्च माध्यमिक स्तर तक शिक्षित यानी करीब 80% से अधिक मंत्री उच्च शिक्षा प्राप्त हैं। प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह स्वयं इंजीनियरिंग पृष्ठभूमि से हैं और एम.टेक डिग्रीधारी हैं। वहीं वित्त मंत्री अर्थशास्त्र में पीएचडी कर चुके हैं। विदेश मंत्री ने अमेरिका से पब्लिक पॉलिसी में उच्च शिक्षा प्राप्त की है। कैबिनेट के कई अन्य मंत्री भी भारत, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और ब्रिटेन जैसे देशों की प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटीज से पढ़े-लिखे हैं, जिससे इस सरकार को ‘टेक्नोक्रेटिक’ और प्रोफेशनल कैबिनेट कहा जा रहा है। युवाओं और सुधारों पर फोकस नई सरकार ने भ्रष्टाचार मुक्त शासन, आर्थिक सुधार, बुनियादी ढांचे के विकास, शिक्षा व्यवस्था में सुधार और युवाओं को रोजगार देने को प्राथमिकता में रखा है। सरकार का लक्ष्य ‘डिजिटल नेपाल’ के विजन को आगे बढ़ाना भी है। विशेषज्ञों का मानना है कि उच्च शिक्षित और युवा नेतृत्व के कारण यह सरकार नीतिगत फैसलों में आधुनिक सोच और तकनीकी दक्षता ला सकती है। नेपाल की राजनीति में यह बदलाव एक नए दौर की शुरुआत माना जा रहा है, जहां अनुभव के साथ-साथ शिक्षा और विशेषज्ञता को भी महत्व दिया जा रहा है। नेपाल की ‘जनरेशन-जेड’ सरकार पर भारत के नेताओं की प्रतिक्रिया, युवा नेतृत्व की सराहनाशिक्षित कैबिनेट को बताया सकारात्मक संकेत, भारत-नेपाल संबंध मजबूत होने की उम्मीदनई दिल्ली/काठमांडू। नेपाल में बनी नई ‘जनरेशन-जेड’ सरकार को लेकर भारत के राजनीतिक गलियारों में भी सकारात्मक प्रतिक्रिया देखने को मिल रही है। बालेंद्र शाह के नेतृत्व में गठित युवा और शिक्षित मंत्रिमंडल को भारतीय नेताओं ने बदलाव का संकेत बताया है।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नेपाल की नई सरकार को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भारत और नेपाल के बीच ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंध हैं, जो इस नई सरकार के साथ और मजबूत होंगे। उन्होंने युवा नेतृत्व और शिक्षित कैबिनेट को सकारात्मक दिशा में बड़ा कदम बताया।कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि युवाओं और शिक्षित नेतृत्व का आगे आना लोकतंत्र के लिए अच्छा संकेत है। उन्होंने उम्मीद जताई कि नेपाल की नई सरकार पारदर्शिता और जनहित के मुद्दों पर प्रभावी काम करेगी।मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि नेपाल में युवा और पढ़े-लिखे नेतृत्व का उभरना पूरे दक्षिण एशिया के लिए प्रेरणादायक है। उन्होंने इसे सुशासन और विकास की दिशा में सकारात्मक पहल बताया।विदेश नीति के जानकारों का मानना है कि उच्च शिक्षित और तकनीकी समझ रखने वाली यह सरकार भारत-नेपाल के द्विपक्षीय संबंधों को नई ऊंचाइयों तक ले जा सकती है, खासकर व्यापार, शिक्षा, तकनीक और बुनियादी ढांचे के क्षेत्रों में।भारत के राजनीतिक और कूटनीतिक हलकों में यह भी उम्मीद जताई जा रही है कि नई सरकार के साथ सहयोग बढ़ेगा और दोनों देशों के बीच पारंपरिक मित्रता और अधिक मजबूत होगी। View this post on Instagram Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading... Related पोस्ट नेविगेशन रीवा पुलिस में बड़ा एक्शन: दागी आरक्षक लाइन अटैच पुताई के बहाने घर में घुसे, लाखों के जेवर लेकर फरार—कनाडिया पुलिस ने किया खुलासा