इंदौर। प्रदीप चौधरी। शहर की प्रमुख यातायात धमनी शास्त्री ब्रिज (रेलवे ओवर ब्रिज) के पुनर्निर्माण को लेकर तेजी आई है। नगर निगम के अधिकारियों ने हाल ही में ब्रिज का निरीक्षण किया, जिसके बाद रिपोर्ट तैयार की जाएगी। इस दौरान रेलवे इंजीनियरों ने ब्रिज को नए सिरे से बनाने के लिए लगभग 150 करोड़ रुपये खर्च करने का अनुमान लगाया, जबकि नगर निगम के अधिकारियों ने कहा कि यह काम 200 करोड़ रुपये में पूरा होगा। यह लागत अंतर चर्चा का विषय बन गया है, और कुछ लोगों में शुरुआती 50 करोड़ रुपये के काम में ही अनियमितता की आशंका जताई जा रही है। शास्त्री ब्रिज पिछले दिनों हुई एक महत्वपूर्ण बैठक का केंद्र बिंदु रहा था। बैठक में नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए थे कि भविष्य के बढ़ते ट्रैफिक को ध्यान में रखते हुए ब्रिज का निर्माण किया जाए। जनप्रतिनिधियों ने राय दी कि ब्रिज को 6 लेन का बनाया जाए, ताकि ट्रैफिक जाम की समस्या से निजात मिल सके।बैठक में नगर निगम, इंदौर विकास प्राधिकरण (IDA), इंदौर मेट्रो और रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे। यह ब्रिज करीब 70 साल पुराना है और हाल के वर्षों में चूहों से खोखला होने, धंसने जैसी समस्याओं से जूझ रहा है। रेलवे स्टेशन के विस्तार और ट्रेनों की गति बढ़ाने के लिए इसे हटाकर नया ब्रिज बनाने की योजना है। रेलवे और निगम मिलकर इस प्रोजेक्ट को अंजाम देंगे, जिसमें नया ब्रिज आने वाले 50 साल की जरूरतों को पूरा करने लायक होगा।वर्तमान में ब्रिज 4 लेन का है, जिसे 6 लेन में अपग्रेड करने से शहर के प्रमुख इलाकों जैसे रीगल चौक, एमजी रोड आदि में ट्रैफिक सुगमता बढ़ेगी। हालांकि, निर्माण के दौरान ट्रैफिक जाम की चुनौती बनी रहेगी, जिसके लिए वैकल्पिक व्यवस्था पर विचार किया जा रहा है।अधिकारियों का कहना है कि निरीक्षण रिपोर्ट के आधार पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा और प्रोजेक्ट जल्द शुरू होगा। जनता की ओर से लागत और गुणवत्ता पर नजर रखने की मांग उठ रही है। View this post on Instagram Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन ड्रग्स की लेडी माफिया सीमा नाथ गैंग का एक और पेडलर क्राइम ब्रांच इंदौर की पकड़ में 1 मई से मध्यप्रदेश में शुरू होगी जनगणना