इंदौर, प्रदीप चौधरी। : मध्य प्रदेश के इंदौर-उज्जैन हाईवे पर सांवेर थाना क्षेत्र के रिंगनोदिया इलाके में एक भयानक सड़क दुर्घटना ने कई परिवारों को शोक में डुबो दिया। बाणेश्वरी ट्रेवल्स की तेज रफ्तार बस ने एक बाइक सवार परिवार को रौंद दिया, जिसमें तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। मृतकों में एक महिला और दो पुरुष शामिल हैं, जबकि एक मासूम बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गया है। यह हादसा हाईवे पर यातायात की लापरवाही को एक बार फिर उजागर करता है, जहां चालकों की लापरवाही जानलेवा साबित हो रही है। वीडियो लिंक https://www.instagram.com/reel/DOvBveRkfqy/?igsh=c241NXRqdTRhMjhh https://www.instagram.com/reel/DOvBveRkfqy/?igsh=c241NXRqdTRhMjhh गुरुवार रात्रि 12 बजे की बाद का समय बताया रहा है, जब बाणेश्वरी ट्रेवल्स की प्राइवेट बस उज्जैन की ओर जा रही थी। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बस चालक मोबाइल फोन पर बात करते हुए अत्यधिक तेज गति से वाहन चला रहा था। बस की स्पीड इतनी अधिक थी कि रास्ते में ही सवार यात्रियों के बीच विवाद भी हो गया। इसी दौरान, सांवेर के रिंगनोदिया कट पर एक बाइक सवार परिवार को बस ने जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि बाइक सवार तीनों सदस्य सड़क पर बिखर गए, और बच्चा बुरी तरह फंस गया।मृतकों में एक महिला, उसके पति और एक अन्य पुरुष सदस्य शामिल हैं, जो बाइक पर सवार थे। बच्चे को तुरंत अरबिंदो अस्पताल के पीआईसीयू (पेडियाट्रिक इंटेंसिव केयर यूनिट) में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। डॉक्टरों के अनुसार, बच्चे को सिर और छाती में गंभीर चोटें आई हैं, और वह वेंटिलेटर पर है। फिलहाल, मृतकों के नामों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो पाई है, लेकिन स्थानीय पुलिस ने शवों को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया है।बस में सवार यात्रियों ने पुलिस को दिए बयान में कहा कि चालक पूरे सफर के दौरान मोबाइल पर व्यस्त था और स्पीड ब्रेकर पर भी गति कम नहीं की। एक यात्री ने बताया, “बस इतनी तेज चल रही थी कि हमने चालक से शिकायत की, लेकिन उसने ध्यान नहीं दिया। हादसे के बाद बस चालक मौके से फरार हो गया।” सांवेर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और चालक की तलाश में छापेमारी शुरू कर दी है। बाणेश्वरी ट्रेवल्स प्रबंधन ने अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है।यह हादसा इंदौर-उज्जैन हाईवे पर बढ़ती दुर्घटनाओं की कड़ी में एक और उदाहरण है। हाल ही में इसी हाईवे पर कई अन्य हादसे हो चुके हैं, जहां तेज रफ्तार और मोबाइल डिस्ट्रैक्शन मुख्य कारण बने हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, मध्य प्रदेश में सड़क हादसों का 40% से अधिक मामला मानवीय लापरवाही से जुड़ा होता है। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि हाईवे पर स्पीड कैमरे लगाए जाएं और प्राइवेट बसों की जांच सख्त की जाए। पुलिस ने यात्रियों को सतर्क रहने और नियमों का पालन करने की अपील की है।घटना की जांच जारी है, और आगे की अपडेट के लिए स्थानीय समाचार स्रोतों पर नजर रखें। यह दुखद घटना एक बार फिर सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूकता की आवश्यकता पर जोर देती है। View this post on Instagram Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन इंदौर के ‘डांसिंग कॉप’ रणजीत सिंह पर विवादित आरोप: सोशल मीडिया पर तीखी बहस सावरकर — मिथक और वास्तविकता