भोपाल: प्रदीप चौधरी।। भोपाल के बैरागढ़ थाना क्षेत्र में एक निजी अस्पताल में 32 वर्षीय नेहा खरे की प्रसव के बाद संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही और बदसलूकी का आरोप लगाया है। घटना का विवरण 12 जून को नेहा खरे को प्रसव पीड़ा के बाद बैरागढ़ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। परिजनों का आरोप है कि नेहा ने एक बेटी को जन्म दिया, लेकिन इसके बाद उनकी हालत बिगड़ गई। अस्पताल प्रशासन ने नेहा को जबरन वेंटिलेटर पर रखा, जिससे उनकी स्थिति और खराब हो गई। परिजनों का दावा है कि अस्पताल के स्टाफ ने उनके साथ बदसलूकी की, धमकाया और मारपीट भी की। इस घटना का एक वीडियो भी सामने आया है, जिसमें स्टाफ का दुर्व्यवहार देखा जा सकता है। परिजनों की शिकायत और पुलिस कार्रवाई नेहा की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराते हुए बैरागढ़ थाने में शिकायत दर्ज की। पुलिस ने मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। पोस्टमॉर्टम के बाद नेहा का शव परिजनों को सौंप दिया गया। पुलिस मामले की गहन जांच कर रही है और अस्पताल के स्टाफ से पूछताछ की जा रही है। विवाद और सवाल परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसमें इलाज में लापरवाही और अनैतिक व्यवहार शामिल है। इस घटना ने निजी अस्पतालों में चिकित्सा सुविधाओं की गुणवत्ता और मरीजों के साथ व्यवहार पर सवाल उठाए हैं। पुलिस का कहना है कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट और अन्य सबूतों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। मामले की जांच जारी है। View this post on Instagram Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन पहली ही बारिश में वार्ड नंबरआ-9 रीवा के विकास की खुली पोल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शंकर चाट भंडार में पी चाय