इंदौर। आम आदमी पार्टी ने आज अपना स्थापना दिवस मनाया ,आज ही के दिन 11 वर्ष पहले 26 नवंबर 2012 को आम आदमी पार्टी की स्थापना हुई थी. इंडिया अगेंस्ट करप्शन आंदोलन जिसका नेतृत्व प्रसिद्ध समाजसेवी अन्ना हजारे ने किया था के बाद 02 अक्टूबर को अरविंद केजरीवाल ने राजनैतिक दल बनाने की घोषणा की थी .भारतीय संविधान की वर्षगांठ के दिन 26 नवंबर 2012 में औपचारिक रूप से आम आदमी पार्टी का गठन किया गया जिसे मार्च 2013 में भारत के चुनाव आयोग द्वारा राजनैतिक दल के रूप में पंजीकृत किया गया.हाल ही में अप्रैल 2023 को चुनाव आयोग ने आम आदमी पार्टी को राष्ट्रीय राजनैतिक दल का दर्जा दिया.दिल्ली में अपने पहले ही विधानसभा चुनाव 2012 में आप ने 70 में से 28 सीट लाकर बाहरी समर्थन से सरकार बनाई थी इसके बाद मूलभूत सुविधाओं के लिए किए गए उत्कृष्ट कार्यों के कारण 2015 और 2020 में दिल्ली में आप की सरकार बनी.2022 में आप ने पंजाब में सरकार बनाई.इसी वर्ष दिल्ली में एमसीडी पर 15 वर्षो से काबिज भाजपा को हराकर आम आदमी पार्टी ने दिल्ली नगर निगम को जीता हे.आज आम आदमी पार्टी के पूरे देश में 161 विधायक,एक लोकसभा सांसद,10 राज्यसभा सांसद है तथा सिर्फ 10 वर्षो में भारत की सबसे तेजी से बढ़ती हुई पार्टी के रूप में राष्ट्रीय पार्टी का दर्जा प्राप्त किया.राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने आज देश भर के कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए भारत को विकसित देश बनाने में ईमानदारी से मेहनत करने का आह्वान किया.प्रदेश उपाध्यक्ष मुकेश उपाध्याय ने बताया की आम आदमी पार्टी का जन्म ही भ्रष्ट्राचार के खिलाफ हुआ है.भाजपा द्वारा झूठे आरोप लगाकर आम आदमी पार्टी के शीर्षस्थ नेताओ को परेशान किया जा रहा हे लेकिन हमारे नेता बेदाग होकर बरी होंगे.शिक्षा ,स्वास्थ, रोजगार,महिला सुरक्षा आदि मूलभूत सुविधाओं में अभूतपूर्व उत्कृष्ट कार्य करने के लिए आप जानी जाती हे।देश की जनता आज ईमानदार राजनैतिक विकल्प के रूप में आप की नीतियों से प्रभावित होकर आम आदमी पार्टी को चाहती है और हम जनता की सुविधाओ के लिए अच्छे कार्य करने के लिए प्रतिबद्ध हे. Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन डभौरा में संविधान दिवस पर सामाजिक कार्यकर्ता जगदीश सिंह यादव ने प्रस्तावना पढ़ कर बच्चो एवं नागरिकों को दी गई संविधान की जानकारी । उफ़! कितना सम्मान…!(व्यंग्य : राजेंद्र शर्मा)