फर्जी लोन ऐप के प्रलोभन में न पड़े , सुखी जीवन में आ जायेगा संकट- एसपी, सिंगरौलफर्जी लोन ऐप के विरूद्ध शिकंजा कसने के लिये किया जायेगे हरसंभव प्रयास- पुलिस कप्तानपुलिस अधीक्षक जिला सिंगरौली मो. यूसुफ कुरैशी द्वारा समस्त राजपत्रित अधिकारी (पुलिस) एवं थाना प्रभारियों को यह निर्देश दिये गये है, कि जिला पुलिस द्वारा अभियान चलाकर लोगों को साइबर अपराधों से बचनें के लिए जागरूकता कार्यक्रम किया जाये। जिले का कोई भी व्यक्ति फर्जी लोन एप् के चक्कर में न पडे इसके लिये घर-घर जनजागरूकता का कार्यक्रम स्थानीय पुलिस के द्वारा किया जायेगा।पुलिस अधीक्षक के द्वारा कहा गया कि इस अभियान के तहत पुलिस द्वारा शहरी क्षेत्र, ग्रामीण क्षेत्र, स्कूल, कॉलेज व अन्य सार्वजनिक जगहों पर साइबर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किये जायेगे। पुलिस अधीक्षक नें कहा कि फर्जी लोन एप से सावधान रहे वरना बगैर ऋण लिये कर्जदार हो जाएंगे। इस संबंध में अधिक से अधिक बैनर पोस्टर के माध्यम से प्रचार प्रसार किया जायेगा। पुलिस अधीक्षक मो. यूसुफ कुरैशी नें बताया कि वर्तमान समय में लोग आसान तरीके से कर्ज मिलने के चक्कर में अपनी जान गंवा रहे है। फर्जी एप लोगों को लोन देने के चक्कर में प्रलोभन देते है और व्यक्तियों का फोन हैक कर लेते है और फिर किस्त व ब्याज न देने पर उक्त व्यक्ति की अश्लील फोटो या वीडियो बनाकर बदनाम करने का प्रयास करते है जिससे इंसान अंदर से पूर्ण रूप से टूट जाता है। साथ ही इसके अलावा लोन एप के कर्मचारी पीडित के परिचितों और रिश्तेदारों को फोन पर अपशब्दों का भी प्रयोग करते हैं। बदनामी के डर से लोग गलत कदम उठा लेते हैं। ऐसे फर्जी लोन एप से सावधान रहे। अगर कोई व्यक्ति ब्लैकमेल करता है तो तुरंत सिंगरौली पुलिस के हेल्पलाइन नंबर पर कॉल करें। इसके अलावा नजदीकी पुलिस स्टेशन जाकर साइबर हेल्प डेस्क की मदद लें ।साइबर अपराधियों से बचें .1. सबसे पहले लोन देने वाले एप या कंपनी के बारे में ये जांच करें कि क्या वह आरबीआई की अनुमति से लोन दे रही है या नहीं। यदि कोई लोन एप किसी बैंक या एनबीएफसी के नाम पर कर्ज बांटने का दावा करती है तो संबंधित बैंक या एनबीएफसी से क्रॉस चेक जरूर करें। 2. जो ऐप आपको लोन दे रही है उसकी ब्याज दरें पहले से निर्धारित करा लें और उसका एक एग्रीमेंट भी करा लें। ताकि बाद में आपसे ज्यादा ब्याज की वसूली न हो सके।3. इसके अलावा अगर कोई लोन ऐप भुगतान की अवधि और भुगतान के तरीकों के बारे में पहले से ही स्पष्ट रूप से जानकारी नहीं देती है तो ऐसी लोन ऐप का प्रयोग न करें।4. एप से लोन लेने से पहले ब्याज दर को लेकर चीजें स्पष्ट की जानी बहुत जरूरी हैं। अगर कोई एप कह रही है कि वह चार फीसदी ब्याज दर पर कर्ज देगी। तो यह जरूर पूछें कि ब्याज मासिक लगेगा या वार्षिक। 5. कुछ ऐप दावा करते हैं कि 5 फीसदी ब्याज दर पर कर्ज देंगे और बाद में पता चलता है कि ये दर मासिक थी। इस तरह वो सालाना 60 फीसदी ब्याज लेती है। ऐसे लोन ऐप जो प्रोसेसिंग शुल्क के नाम पर ज्यादा रुपये मांगते हों या प्री-पेमेंट अथवा प्री-क्लोजर फीस ज्यादा मांगते हैं, उन पर यकीन न करें। 6. अगर कोई ऐप आपको बैंक खाते की जानकारी, डेबिट-क्रेडिट कार्ड का पिन या फिर अन्य पर्सनल जानकारियां मांगे तो उससे भी सावधान रहें।7. जिस ऐप से आप लोन के लिए अप्लाई कर रहे हैं, उसकी रेटिंग और रिव्यू को भी जरूर देखें।8. बेहतर होगा कि आप किसी बैंक या एनबीएफसी से जुड़े ऐप के जरिये ही कर्ज के लिए आवेदन करें।9. इसके अलावा किसी भी प्रकार की वित्तीय या ऑनलाइन धोखाधड़ी होने पर शीघ्र सम्पर्क करें।तुरंत रिपोर्ट करें, सिंगरौली पुलिस आपकी सेवा में सदैव ही तत्पर है। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन क्रिकेट को खेल रहने दो, खेल का खेला मत करो!! सिंगरौली जिले में यातायात पुलिस द्वारा लोगों को दी जा रही समझाईस, उल्लंघनकर्ता वाहन चालकों के विरुद्ध की जा रही चालानी