शिवराज सरकार में किसानों से किया था वादा ,प्याज सोयाबीन को भावांतर देने और गेंहू पर बोनस देने काइंदौर ।मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान अपने को किसान हितेषी बताते रहे हैं लेकिन पिछले 4 साल से मध्य प्रदेश के किसान उनके वादे की बाट जो रहे हैं, जिसमें उन्होंने कहा था कि किसानों को यदि मंडी में फसल का दाम नहीं मिलता है तो सरकार किसानों को भावांतर राशि का भुगतान करेंगे। संयुक्त किसान मोर्चा के रामस्वरूप मंत्री और बबलू जाधव ने बताया कि 4 साल पहले प्याज जब ₹2 किलो बिका तो शिवराज सिंह ने कहा था प्याज पर ₹6 प्रति किलो के हिसाब से सरकार भावांतर देगी ।इसी के साथ सोयाबीन पर 2018-19 में ₹500 प्रति क्विंटल भावांतर देने तथा 2019- 20 में गेंहू पर ₹160 प्रति क्विंटल बोनस देने की घोषणा की गई थी। मुख्यमंत्री के इस वादे पर किसानों ने अपनी फसल ओने पौने दामों पर बेच दी, उन्हें उम्मीद थी कि सरकार अपने वादे के मुताबिक भावांतर और बोनस की राशि उनके खातों में ट्रांसफर करेगी ,लेकिन आज दिनांक तक सरकार की ओर से किसानों के खातों में एक पैसा भी नहीं डाला गया है ।ठगाए किसान अब मुख्यमंत्री को अपना वादा पूरा करने की याद दिला रहे हैं।रामस्वरूप मंत्री और बबलू यादव ने बताया कि इंदौर जिले में ही प्याज भावांतर की राशि 7000 किसानों को लेना है जो करीब 30 करोड पर है इसी तरह से सोयाबीन की उपज वाले किसानों की संख्या 20 करो 20000 है संयुक्त किसान मोर्चा ने मुख्यमंत्री से मांग की है कि अपने कार्यकाल के अंतिम वर्ष में वे किसानों का बकाया भुगतान तत्काल कराएं और किसान हितेषी होने का परिचय दें ।संयुक्त किसान मोर्चा मुख्यमंत्री के इंदौर आगमन पर उनसे मुलाकात करेगा और भावांतर बोनस सहित मंडी में बेचे गए माल के भुगतान को लेकर चर्चा करेगा। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन सिपाही हो या ऑफीसर सभी ने दिया खाकी को मान,विरोध में लगाया डी पी मे “खाकी का भी तो मान है ना. जवा में बीएसपी का विधानसभा स्तरीय संगठन समीक्षा एवं कार्यकर्ता सम्मेलन हुआ आयोजित।