इंदौर, 8 अप्रैल 2026 प्रदीप चौधरी— मध्यप्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने आज किरायेदारों के हित में एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाया। न्यायमूर्ति प्रणय वर्मा की एकलपीठ ने स्पष्ट किया कि संपत्ति कर की वसूली के नाम पर नगर निगम किरायेदार की दुकान या मकान पर न तो ताला लगा सकता है और न ही सील कर सकता है।वृत्तांत संख्या 8936/2026 (गणेश बनाम मध्यप्रदेश राज्य एवं अन्य) में याचिकाकर्ता गणेश (किरायेदार) की दुकान को इंदौर नगर निगम ने संपत्ति कर की वसूली के लिए सील कर दिया था। याचिकाकर्ता के वकील सुनील कुमार सोनी (साथ में रोहित सोनी एवं जितेन्द्र सोनी) ने कोर्ट को बताया कि मकान मालिक के पास पहले से ही चार दुकानें हैं, लेकिन वह जानबूझकर इसी किरायेदार को परेशान कर दुकान खाली करवाना चाहता था। इसके लिए उसने नगर निगम के अधिकारियों से मिलीभगत कर दुकान पर ताला लगवा दिया।कोर्ट ने क्या कहा?न्यायमूर्ति प्रणय वर्मा ने 2018 के सोहेल अंसारी बनाम इंदौर नगर निगम (W.P. No.13560/2018) और सलीम मंसूरी बनाम म्यूनिसिपल कॉर्पोरेशन (2009(3) MPLJ 519) के फैसलों का हवाला देते हुए कहा कि मध्यप्रदेश नगर निगम अधिनियम, 1956 की धारा 134(6) के तहत नगर निगम केवल किराया अटैच (attach) कर सकता है, लेकिन किरायेदार द्वारा कब्जे वाली संपत्ति को सील या लॉक करने का कोई प्रावधान नहीं है।कोर्ट ने साफ कहा: “नगर निगम को किरायेदार की दुकान पर ताला लगाने या सील करने का कोई अधिकार नहीं है।”कोर्ट के महत्वपूर्ण निर्देश1. नगर निगम तुरंत दुकान का ताला खोल दे और सील हटा दे। 2. भविष्य में भी किरायेदार की दुकान पर ताला या सील नहीं लगाया जाएगा। 3. याचिकाकर्ता (किरायेदार) चार महीने का बकाया किराया और नियमित किराया नगर निगम को जमा कराएगा। 4. इस दौरान किरायेदार मकान मालिक को किराया नहीं देगा। मकान मालिक इस कारण किरायेदार के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर सकेगा।नगर निगम की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता शशांक श्रीवास्तव ने दलील दी थी कि पुराना किराया समझौता होने और उसमें वृद्धि या विस्तार खंड न होने के कारण किराया अटैच नहीं किया जा सकता। कोर्ट ने इस दलील को स्वीकार नहीं किया। याचिकाकर्ता के वकीलों का बयानसुनील कुमार सोनी, रोहित सोनी एवं जितेन्द्र सोनी ने कहा, “यह फैसला पूरे प्रदेश के किरायेदारों के लिए राहत भरा है। नगर निगम अब संपत्ति कर वसूली के नाम पर किरायेदारों को बेवजह परेशान नहीं कर सकेगा।”न्यायालय ने नगर निगम को फटकार लगाते हुए ताला खोलने का तत्काल आदेश दिया। View this post on Instagram View this post on Instagram Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन विदिशा में गरजे जीतू पटवारी: “किसान रो रहा खून के आँसू, फसलों का सही दाम दो” मुरैना में झोपड़ी से चल रहा था भ्रूण लिंग परीक्षण रैकेट, ग्रामीण की सूझबूझ से भंडाफोड़