भ्रूण लिंग परीक्षण तथा अवैध रूप से गर्भपात कराने वाले चिकित्सकों और संस्थानों के विरूद्ध सख्त कार्रवाई की जायेगी।जिला स्तरीय सलाहकार समिति की बैठक सम्पन्न। इंदौर जिले में गर्भधारण पूर्व एवं प्रसव पूर्व निदान तकनीक अधिनियम का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित कराया जायेगा। भ्रूण लिंग परीक्षण तथा अवैध रूप से गर्भपात कराने वाले चिकित्सकों और संस्थानों के विरूद्ध सख्त कार्रवाई की जायेगी। यह जानकारी आज यहाँ कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा टी की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई गर्भधारण पूर्व एवं प्रसव पूर्व निदान तकनीक अधिनियम (पीसी एण्ड पीएनडीटी एक्ट) के तहत गठित जिला स्तरीय सलाहकार समिति की बैठक में दी गयी। बैठक में अपर कलेक्टर अभय बेड़ेकर, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. बी.एस. सैत्या, जिला स्वास्थ्य अधिकारी पुष्पा गडरिया, मध्यप्रदेश वॉलेंट्री हेल्थ आर्गनाइजेशन के मुकेश कुमार सिन्हा सहित समिति के अन्य सदस्य भी मौजूद थे। बैठक में कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा टी ने इंदौर जिले में इस अधिनियम के तहत किये जा रहे कार्यों की जानकारी ली। उन्होंने निेर्देश दिये कि इस अधिनियम के सभी प्रावधानों का सख्ती से पालन कराया जाये। शिशु लिंगानुपात को बेहतर बनाने की दिशा में सभी उचित कदम उठाये जाये। उन्होंने कहा कि सूचनातंत्र को मजबूत बनाये। गर्भ में पल रहे लिंग परीक्षण करने वालों के विरूद्ध कार्रवाई की जाये। लिंग परीक्षण करने वाले चिकित्सकों एवं संस्थानों के विरूद्ध कार्रवाई की जाये। सोनोग्राफी के अलावा अन्य साधनों से लिंग परीक्षण करने की संभावनाएं पता कर अवैध गतिविधि करने वालों के विरूद्ध कार्रवाई हो। अवैध रूप से किये जा रहे लिंग परीक्षण की जानकारी गोपनीय स्तर से पता की जाये। ऐसी जानकारी देने वालों को प्रोत्साहित किया जाये। अवैध रूप से गर्भपात कराने वाले चिकित्सकों और संस्थानों के विरूद्ध भी सख्त कार्रवाई हो। आईवीएफ एवं एआरटी क्लिनिकों की गतिविधियों पर भी निगरानी रखी जाये। अवैध गतिविधि पाये जाने पर कार्रवाई हो। इस अवसर पर बताया गया कि जिले में गर्भधारण पूर्व एवं प्रसव पूर्व निदान तकनीक अधिनियम का प्रभावी क्रियान्वयन किया जा रहा है। जिले में सोनोग्राफी सेंटरों की लगातार मॉनिटरिंग की जा रही है। जिले में ट्रेकिंग डिवाईस सिस्टम लगाये जाने के भी अच्छे परिणाम सामने आ रहे हैं। निर्देश दिये गये कि भविष्य में इस अधिनियम का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जाये। सोनोग्राफी सेंटरों की लगातार मॉनिटरिंग करायी जाये। जिले में ऐसी गर्भवती महिलायें जिन्हें दो या इससे अधिक बालिकाएं हैं उनका सत्यापन एएनएम तथा आशा कार्यकर्ताओं के माध्यम से कराया जाये। यह सुनिश्चित किया जाये कि कहीं पर भी किसी तरह भी भ्रूण लिंग परीक्षण नहीं होने पाये। भ्रूण लिंग परीक्षण की शिकायत टोल फ्री नम्बर पर दर्ज कराने की अपील कलेक्टर डॉ. इलैयाराजा टी ने बैठक में नागरिकों से अपील की है कि वे भ्रूण लिंग परीक्षण की शिकायतें दर्ज कराये। भ्रूण लिंग परीक्षण की जानकारी एवं शिकायत टोल फ्री नम्बर- 18002333130 पर दर्ज कराई जा सकती है। जानकारी और शिकायत दर्ज कराने वालों की जानकारी गोपनीय रखी जायेगी। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन मध्यप्रदेश मे अब तीसरे मोर्चे वास्तविक भारत पार्टी ने जनता के बीच जोर पकड़ रही, नासिर जुनैद को जलाने से पहले 16-17 घंटे गाड़ी में घुमाया: राजस्थान पुलिस।