भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बुधवार को मंत्रालय में आयोजित सामाजिक सुरक्षा पेंशन वितरण कार्यक्रम में प्रदेश के 33 लाख 92 हजार 695 से अधिक हितग्राहियों के खातों में मई माह की 203 करोड़ 56 लाख रुपये की राशि सिंगल क्लिक के माध्यम से हस्तांतरित की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने वर्चुअली हितग्राहियों को संबोधित करते हुए कहा कि बुजुर्गों, असहायों और समाज के कमजोर वर्गों का सम्मान करना हमारी संस्कृति और धर्म का हिस्सा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार का प्रयास है कि प्रदेश का कोई भी निर्धन परिवार, माताएं-बहनें अथवा दिव्यांगजन स्वयं को असहाय महसूस न करें। सामाजिक सुरक्षा पेंशन केवल आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि सरकार की ओर से स्नेह, सम्मान और सुरक्षा का वचन है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश में अंत्योदय का संकल्प साकार हो रहा है और राज्य सरकार भी इसी दिशा में कार्य कर रही है।मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार प्रत्येक नागरिक के सम्मान और कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने किसानों के हित में लिए गए निर्णयों का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश के किसानों को शून्य ब्याज दर पर ऋण उपलब्ध कराया जाएगा। साथ ही ऋण चुकाने की अवधि को भी लचीला बनाया गया है, जिससे किसान अपनी सुविधा के अनुसार अगले 12 माह के भीतर ऋण चुका सकेंगे।डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में पिछले 10 वर्षों में देश के 25 करोड़ से अधिक लोग गरीबी रेखा से बाहर आए हैं। प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना के तहत 80 करोड़ से अधिक लोगों को हर माह मुफ्त राशन उपलब्ध कराया जा रहा है। इसके अलावा प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत, जल जीवन मिशन और उज्ज्वला योजना जैसी योजनाओं ने जनकल्याण का नया इतिहास रचा है।कार्यक्रम में प्रदेश के विभिन्न जिलों से वरिष्ठजन, माताएं-बहनें और अन्य हितग्राही वर्चुअल माध्यम से शामिल हुए। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन रेलवे यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता, जीआरपी की अपराध समीक्षा बैठक संपन्न EOW रीवा द्वारा जनपद पंचायत मैहर में फर्जी बीपीएल सूची में नाम जोड़े जाने एवं फर्जी बीपीएल प्रमाण पत्र जारी कर भ्रष्टाचार किये जाने पर 6 अधिकारियों पर अपराधिक प्रकरण पंजीबद्ध