जबलपुर/भोपाल। बरगी डैम क्रूज हादसे के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव गुरुवार को जबलपुर पहुंचे और मृतकों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। इस दौरान सीएम ने पीड़ित परिवारों के बच्चों को गले लगाया, बेटियों के सिर पर हाथ रखकर ढांढस बंधाया और भरोसा दिलाया कि राज्य सरकार संकट की इस घड़ी में पूरी मजबूती से उनके साथ खड़ी है।मुख्यमंत्री ने हादसे में जान गंवाने वालों के परिवारों से मुलाकात करते हुए कहा कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। सरकार ने उच्च स्तरीय जांच समिति गठित करने का निर्णय लिया है, जो दुर्घटना के कारणों, सुरक्षा प्रोटोकॉल और लापरवाही की जांच करेगी। साथ ही भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए एडवेंचर स्पोर्ट्स और क्रूज पर्यटन हेतु नई एसओपी (स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर) तैयार की जाएगी।सीएम डॉ. यादव ने बताया कि हादसे में 9 लोगों की मौत हुई है, जबकि 28 लोगों को सुरक्षित बचाया गया। राहत एवं बचाव कार्य में एसडीआरएफ, एनडीआरएफ, आर्मी गोताखोरों और स्थानीय प्रशासन की टीमों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। मुख्यमंत्री ने हादसे के दौरान लोगों की जान बचाने वाले स्थानीय नागरिकों को 51-51 हजार रुपये पुरस्कार देने की घोषणा भी की।सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों को 4-4 लाख रुपये की आर्थिक सहायता तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा 2-2 लाख रुपये की सहायता राशि देने की घोषणा की गई है।राजनीतिक प्रतिक्रिया:प्रदेश भाजपा नेताओं ने मुख्यमंत्री के संवेदनशील व्यवहार और त्वरित कार्रवाई की सराहना करते हुए इसे जिम्मेदार नेतृत्व बताया। वहीं कांग्रेस ने हादसे को प्रशासनिक लापरवाही का परिणाम बताते हुए सुरक्षा इंतजामों पर सवाल उठाए और दोषियों पर शीघ्र कार्रवाई की मांग की। विपक्ष ने कहा कि पर्यटन गतिविधियों में सुरक्षा मानकों की अनदेखी गंभीर चिंता का विषय है।बरगी हादसे ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया है। मुख्यमंत्री की पीड़ित परिवारों से मुलाकात ने जहां मानवीय संवेदना का संदेश दिया, वहीं सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के संकेत भी स्पष्ट कर दिए हैं। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading... Related पोस्ट नेविगेशन खैरहन सरपंच रजनीश कुशवाहा का 22वां रक्तदान, मानव सेवा की मिसाल झूठे आतंकी आरोपों में 14 साल जेल: मोहम्मद आमिर खान की दर्दनाक दास्तान