News National World/रीवा/ जिले के वरिष्ठ पत्रकार उपेंद्र द्विवेदी ने गुढ़ विधानसभा अंतर्गत पहाड़ी अंचल की बंजर भूमि में निवासरत भूमिहीनों को पट्टा दिलाने एवं उनके विस्थापन को लेकर महामहिम राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, माननीय राज्यपाल महोदय एवं प्रदेश के मुख्यमंत्री के साथ ही रीवा कमिश्नर, कलेक्टर, व वन मंडला अधिकारी समेत अन्य जिम्मेदार अधिकारियो को पत्र लिखा गया है। गुढ़ तहसील अंतर्गत आने वाले क्षेत्र के भैरव नाथ की सीमा के साथ ही बदवार, बरसैता, डढ़वा, इंटार पहाड़, जल्दर, पोंडी, बेला, उमरिहा, दुआरी, गौरा, जरहा, अमवा, तमरा आदि दर्जनों ग्राम पंचायतों के सरपंच, जनपद पंचायत सदस्य सहित जिला पंचायत सदस्यों द्वारा जनहित में इस मांग का समर्थन किया है, देशभर में बढ़ती जनसंख्या और जनसंख्या घनत्वी कारण के चलते लोगों को आवास के लिए जमीन कम पड़ रही है, खासकर रीवा जिले की गुढ़ तहसील अंतर्गत सड़क के किनारे पहाड़ी अंचल मे बदवार सीतापुर मार्ग के उत्तरी और दक्षिणी एरिया में बड़ी तादात में भूमिहीन हरिजन आदिवासी व विभिन्न वर्ग के लोग अपना मकान बनाकर विगत 70-80 वर्षों से इस जमीन पर काबिज है और मकान बनाकर अपना गुजर बसर कर रहें है। तत्कालीन कलेक्टर रीवा द्वारा आबादी भी यहां घोषित की कि गयी है और जिम्मेदार अधिकारियों को व्यवस्थापन के निर्देश जारी किया गया था। लेकिन अभी तक प्रॉपर तरीके से व्यवस्था नहीं बनाई गई है यहां निवासरत लोगों के सामने बड़ी समस्या यह भी आ रही है कि इस पूरे इलाके मे पहाड़ी और पथरीली जमीन होने के कारण खेती व अन्य निस्तार के लिए समतल जमीन कम पड़ रही है। ऐसे में आम लोगों को मकान और निस्तार के लिए जमीन का बड़ा टोटा है, तथा अनेक समस्याएं हो रही हैं, जिसके चलते बंजर पड़ी पथरीली जमीन में आमजन को अपना मकान बनाकर गुजर बसर करने को मजबूर होना पड़ रहा है, रीवा जिले के सैकड़ो गांव ऐसे हैं जहां लोग शासकीय बंजर भूमि में अपना मकान बनाकर रह रहे हैं, जिसमें रीवा जिले के विभिन्न गांव शामिल हैं। ख़ासकर गोविंदगढ़ से सीतापुर मऊगंज तक का क्षेत्र विशेष रूप से प्रभावित है, जंहा हजारों हजार की तादाद में जनसंख्या घनत्वी करण के चलते 70 से 80 वर्षों से लोग निवासरत हैं। और अपना व अपने परिवार का किसी तरीके से गुर्जर बसर कर रहे हैं, परंतु शासन द्वारा आज तक इनके व्यवस्थापन की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया जिसके चलते बड़ी संख्या में लोगों को सफर करना पड़ रहा है। शासन को इतनी बड़ी संख्या लोगों को अन्यत्र व्यवस्थापित कर पाना मुश्किल काम इतनी बड़ी संख्या में यहां निवासरत हरिजन आदिवासियों व अन्य लोगों को कंही अन्यत्र व्यवस्थापित कर पाना शासन प्रशासन के लिए भी मुश्किल कार्य होगा और लोगों को भी परेशानी का सामना करना पड़ेगा, तथा आम जनता के सामने एक बड़ा संकट खड़ा हो जाएगा। ऐसी स्थिति में आम जनमानस के हितों को ध्यान में रखते हुए शासन को इस दिशा में पहल करते हुए व्यवस्थापन एवं पट्टा दिलाए जाने की कार्यवाही सुनिश्चित करना उचित होगा, जो जनहित में एक सकारात्मक कदम भी माना जाएगा, इस दिशा में वरिष्ठ पत्रकार उपेंद्र द्विवेदी द्वारा महामहिम राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री एवं माननीय राज्यपाल महोदय, सहित मुख्यमंत्री के साथ ही अन्य जिम्मेदार प्रशासन के अधिकारियों को पत्र लिखकर जन हित मे पहल करने की मांग उठाई गई है। और उनका इस दिशा मे ध्यान आकृष्ट कराया गया है, पहाड़ी अंचल की पथरीली जमीन में बड़ी संख्या में हरिजन आदिवासी एवं अन्य जाति वर्ग के लोग अपना मकान बना कर रह रहे हैं, और इसी से अपनी रोजी-रोटी भी चला रहे हैं, इनके पास दूसरा कोई साधन नहीं है। राजस्व की भूमि पर बनाया गया वन विभाग का मुनारा बन रहा मुसीबत रीवा जिले के गोविंदगढ़ हुजूर तहसील की सीमा के साथ-साथ गुढ़ तहसील से लगे सैकड़ो गांव इस समस्या से जूझ रहे हैं, जिसमें गुढ़ भैरवनाथ से लेकर तमरा देश और मऊगंज तक हजारों लोग इसी जमीन पर अपना मकान बना कर रह रहे हैं, इस आरजी में ना के बराबर लोगों को शासन द्वारा पट्टे वितरित किये गये है, जबकि अधिकांश लोग यहां तकरीबन 70- 80 वर्षों से निवासरत हैं, लेकिन आज तक शासन द्वारा इनके व्यवस्थापन की कार्यवाही नहीं की गई है, जिसकी वजह से लोग अत्यधिक परेशान हैं, लोगों की परेशानी का सबसे बड़ा कारण एक यह भी है कि राजस्व की सीमा पर वन विभाग द्वारा गलत तरीके से बिना नाप जोख व वरिष्ट अधिकारियों की निगरानी के मुनारे स्थापित कर दिए गए हैं, जो आम जनता के लिए मुसीबत और बाधक बने हुए हैं। जिसकी वजह से अनेक समस्याएं निर्मित हो रही है, और वन विभाग का भी दख़ल झेलना पड़ता है इसलिए जनहित को ध्यान में रखते हुए मुनरो को वन भूमि की सीमा में स्थापित किये जाने की भी मांग की गई है, तथा बंजर पड़ी भूमि में निवासरत लोगों को पट्टा दिलाए जाने की दिशा मे पहल करने का आग्रह किया गया है, ताकि बड़ी संख्या में मौजूद लोग इस समस्या से निजात पा सके। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन मानस भवन रीवा में भारत रत्न सरदार वल्लभ भाई पटेल जी की मनाई गई पखवाड़ा जयंती न्याय नगर उद्यान में योग एयरोबिक्स कार्यशाला