पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह ने जारी किए आदेश, 3 से 6 माह तक जिले से बाहर रहेंगे 9 बदमाश, पांच को नियमित थाने में देनी होगी हाजिरी इंदौर। आगामी त्योहारों के मद्देनजर शहर में कानून-व्यवस्था बनाए रखने और आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए इंदौर पुलिस कमिश्नरेट ने बड़ी प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की है। पुलिस आयुक्त संतोष कुमार सिंह ने विभिन्न थाना क्षेत्रों के 9 आदतन अपराधियों को जिलाबदर करने के आदेश जारी किए हैं। वहीं, 5 अन्य आदतन अपराधियों के खिलाफ निर्बंधन आदेश जारी कर नियमित थाना हाजिरी सहित कई कड़ी शर्तें लागू की गई हैं। पुलिस के अनुसार, संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ पूर्व से विभिन्न धाराओं में कई आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं। पूर्व में प्रतिबंधात्मक कार्रवाई किए जाने के बावजूद उनकी गतिविधियों में सुधार नहीं होने और क्षेत्र की शांति व्यवस्था प्रभावित होने के आधार पर यह कार्रवाई की गई है। मध्यप्रदेश राज्य सुरक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई पुलिस कमिश्नर संतोष कुमार सिंह के निर्देशन में विभिन्न जोन के पुलिस अधिकारियों ने आदतन अपराधियों के खिलाफ प्रतिवेदन प्रस्तुत किए थे। इन प्रतिवेदनों और संबंधित प्रकरणों के परीक्षण के बाद मध्यप्रदेश राज्य सुरक्षा अधिनियम, 1990 के प्रावधानों के तहत जिलाबदर एवं निर्बंधन आदेश पारित किए गए। पुलिस का कहना है कि आगामी त्योहारों के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने और आपराधिक गतिविधियों की रोकथाम के लिए इस प्रकार की कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। इन 9 आदतन अपराधियों को किया जिलाबदर फैजान उर्फ टिन्ना (24 वर्ष), पिता मंजूर अली, निवासी इमामबाड़े के पास, चंदन नगर — 3 माह। फरीद खान (33 वर्ष), पिता अब्दुल कमर उर्फ मुन्ना खान, निवासी मेवाती मोहल्ला, एमजी रोड — 3 माह। करण वाकोडे (32 वर्ष), पिता भग्गू उर्फ भगवान वाकोडे, निवासी पंचशील नगर, एरोड्रम — 6 माह। उत्कर्ष दुबे (20 वर्ष), पिता शैलेंद्र दुबे, निवासी शंकरगंज जिंसी, मल्हारगंज — 3 माह। योगेश उर्फ शेरा बारोड (32 वर्ष), पिता राजेंद्र उर्फ राजू बारोड, निवासी श्रीराम बजरंग नगर, लसूड़िया — 6 माह। रिंकू उर्फ विकास लोधी (45 वर्ष), पिता मोहन लोधी, निवासी आईडिया मल्टी, स्कीम नंबर 140, तिलक नगर — 3 माह। विनोद उर्फ पन्नू जादौन (48 वर्ष), पिता प्रमोद सिंह जादौन, निवासी जनता क्वार्टर, परदेशीपुरा — 3 माह। आर्यन पटेल (25 वर्ष), पिता स्वर्गीय राजेंद्र पटेल, निवासी मां शारदा नगर, हीरानगर — 3 माह। राहुल उर्फ पप्पू कोष्टी (32 वर्ष), पिता बीरेंद्र कोष्टी, निवासी मेघदूत नगर, हीरानगर — 3 माह। जिलाबदर आदेश के तहत इन सभी को निर्धारित अवधि के लिए इंदौर जिले की नगरीय एवं ग्रामीण सीमाओं के साथ ही आदेश में शामिल सीमावर्ती जिलों की राजस्व सीमाओं से बाहर रहने के निर्देश दिए गए हैं। पांच आदतन अपराधियों पर निर्बंधन आदेश, नियमित देना होगी थाने में हाजिरी पुलिस कमिश्नर ने पांच अन्य व्यक्तियों के खिलाफ भी निर्बंधन आदेश जारी किए हैं। इनके तहत संबंधित व्यक्तियों को निर्धारित अवधि तक पुलिस की निगरानी और प्रतिबंधात्मक शर्तों का पालन करना होगा। धर्मेंद्र उर्फ छोटू धीमान (30 वर्ष), पिता कमल किशोर धीमान, निवासी बड़ी ग्वालटोली, पलासिया — 1 वर्ष। संतोष तलगैया (30 वर्ष), पिता राजकुमार तलगैया, निवासी श्यामचरण शुक्ला नगर, संयोगितागंज — 1 वर्ष। दीपक शिंदे (54 वर्ष), पिता हंसराज शिंदे, निवासी स्कीम नंबर 78, लसूड़िया — 1 वर्ष। प्रभाकर बिसे (30 वर्ष), पिता कैलाश बिसे, निवासी निरंजनपुर नई बस्ती, लसूड़िया — 1 वर्ष। रामबहादुर कैथवास (54 वर्ष), पिता चंद्रिका प्रसाद कैथवास, निवासी कुलकर्णी का भट्टा, परदेशीपुरा — 6 माह। आदेश का उल्लंघन करने पर होगी सख्त कार्रवाई निर्बंधन आदेश के तहत संबंधित व्यक्तियों को नियमित रूप से निर्धारित थाने में हाजिरी देनी होगी। साथ ही किसी भी अवैध या आपराधिक गतिविधि में शामिल होने, सार्वजनिक शांति भंग करने अथवा कानून-व्यवस्था प्रभावित करने वाली गतिविधियों में भाग लेने पर प्रतिबंध रहेगा। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि आदेश की किसी भी शर्त का उल्लंघन करने पर संबंधित व्यक्ति के खिलाफ नियमानुसार कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। शासन की ओर से एडीपीओ अजय प्रताप बुंदेला ने की पैरवी इन प्रकरणों में शासन की ओर से सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी (एडीपीओ) अजय प्रताप बुंदेला ने पैरवी की। पुलिस प्रशासन का कहना है कि शहर में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखना सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए आदतन एवं सक्रिय अपराधियों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी। पुलिस कमिश्नरेट की इस कार्रवाई के बाद कुल 14 व्यक्तियों पर जिलाबदर और निर्बंधन आदेश लागू किए गए हैं। Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन एमटीएच अस्पताल में मासूम दिविशा के इलाज में कथित लापरवाही का मामला, राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग सख्त इंदौर के नशा मुक्ति केंद्र में युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत, 70 से अधिक मरीज केंद्र से निकले बाहर