भोपाल। प्रदीप चौधरी।। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार रात 8:15 बजे अचानक भोपाल स्थित पुलिस मुख्यालय पहुँचकर वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में मुख्य सचिव, डीजीपी, एडीजी इंटेलिजेंस, पुलिस कमिश्नर भोपाल सहित कई आला अधिकारी मौजूद रहे।

मुख्यमंत्री ने रायसेन जिले में एक गंभीर मामले में अभी तक गिरफ्तारी नहीं होने पर गहरी नाराजगी जताई। साथ ही मंडीदीप में हुए चक्काजाम के दौरान पुलिस की ढीली कार्यवाही पर भी कड़ा असंतोष व्यक्त किया।

भोपाल शहर में लगातार बढ़ रही आपराधिक घटनाओं को लेकर मुख्यमंत्री ने पुलिस कमिश्नर से जवाब-तलब किया और सभी वारदातों की विस्तृत जानकारी ली।

मुख्यमंत्री के सख्त निर्देश

बैठक में डॉ. मोहन यादव ने तत्काल प्रभाव से निम्नलिखित निर्देश दिए:

  • पुलिस अधीक्षक रायसेन को मुख्यालय अटैच किया जाए।
  • मिसरोद थाना प्रभारी को तुरंत हटाया जाए।
  • पूरी पुलिस फोर्स सड़कों पर उतरे।
  • किसी भी अपराधी को बख्शा न जाए, कठोर से कठोर कार्रवाई की जाए।
  • नाइट पेट्रोलिंग और गश्त को कई गुना बढ़ाया जाए।
  • किसी भी स्तर पर ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
  • थाना और चौकी स्तर पर लगातार निरीक्षण हों, लापरवाह अधिकारियों-कर्मचारियों के विरुद्ध त्वरित कार्रवाई हो।

मुख्यमंत्री की इस आकस्मिक बैठक और सख्त तेवरों से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। सूत्रों के अनुसार, आने वाले दिनों में कई और अधिकारियों पर गाज गिर सकती है।