पत्रकारों ने किया राष्ट्र निर्माताओं के सम्मान सम्मान समारोह में 50 से अधिक शिक्षकों का हुआ सम्मान झाबुआ : राजेश सोनी व्यक्ति के जीवन मे जो भी अच्छाइयां आती है वे गुरुजनों के मार्गदर्शन से ही आती है ओर जो बुराइयां उसके व्यक्तित्व में समाती है उसका स्त्रोत कोई और होता है। इसलिए पूरा समाज गुरुजनों का ऋणी है। उपरोक्त विचार स्थानीय गायत्री मंदिर परिसर में नगर पत्रकार संघ के तत्वावधान में आयोजित शिक्षक सम्मान समारोह में एसडीओपी सुश्री अनुरक्ति साबनानी ने व्यक्त किए। कार्यक्रम के प्रारंभ में अतिथियों ने मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन व माल्यार्पण किया। स्वागत भाषण नगर पत्रकार संघ अध्यक्ष जितेश विश्वकर्मा ने दिया। भाजपा पिछड़ा मोर्चा जिलाध्यक्ष सोनू विश्वकर्मा ने कहा व्यक्ति जीवन मे जो भी सफलता अर्जित करता है उसमे गुरु की बड़ी भूमिका होती है। जिला पत्रकार संघ अध्यक्ष राजेश सोनी ने कहा कि शिक्षक जीवन को नया आकार देते है। संरक्षक संजय भटेवरा ने अपने उदबोधन में कहा कि गुरुजन ऐसे प्रकाश पुंज है जो नई राह दिखाते हैं। वरिष्ठ शिक्षक ओंकारसिंह मेड़ा ने बताया कि समाज और शिक्षक दोनों मिलकर मजबूत राष्ट्र बना सकते है। वरिष्ठ शिक्षक एनएस भारतीय ने कहा कि शिक्षक यदि समाज निर्माण का संकल्प लेकर कार्य करे तो देश का भविष्य सुनहरा हो सकता है। कार्यक्रम में महिला शिक्षिका श्रीमती कल्पना वर्मा, मुकेश पाटीदार ने भी अपने विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर सभी शिक्षकों को पुष्पहार पहनाकर स्मृति चिन्ह भेंट किए। कार्यक्रम में अतिथि साबनानी ने जिला पत्रकार संघ की आयोजन के लिए भूरी भूरी प्रशंसा की। सम्मानित शिक्षकों की ओर से धन्यवाद ज्ञापित करते हुए धर्मेंद्र जानी ने कहा कि माँ और धरती के बाद शिक्षक तीसरा व्यक्ति है जो व्यक्ति निर्माण करता है। कार्यक्रम प्रबंधन में मनोज जानी, संजय लोढ़ा, वीरेंद्र भट्ट, धर्मेश सोनी, तन्मय चतुर्वेदी, मनोज पुरोहित, गोपाल राठौड़, सत्यनारायण गौड़, सुनील सोलंकी, राकेश गेहलोत, प्रियांश कटारिया, जिला सहकारी बैंक प्रबंधक डीएस कलमें का सराहनीय सहयोग रहा। कार्यक्रम के अंत मे अतिथियों को स्मृति चिन्ह भेंट किए गए। संचालन जिला पत्रकार संघ के संरक्षक हरिशंकर पंवार ने किया। आभार तहसील पत्रकार संघ अध्यक्ष निर्मल व्यास ने माना। इनका हुआ सम्मान- नारायणसिंह भारतीय, ओंकारसिंह मेड़ा, हरीश जानी, मुकेश पुरोहित, प्रकाश तिवारी, खुशालसिंह चौहान, धर्मेंद्र जानी, मुकेश पाटीदार, गोपाल काग, धर्मेंद्र द्विवेदी, महेश काग, अनिल परमार, प्रतापसिंह सिसोदिया, पुष्पेंद्र राठौर, संजय मकोड, कल्पना वर्मा, श्रीमती दुर्गेश पांचाल, संगीता काग, जिज्ञासा भट्ट, गायत्री अमलियार, कोमलसिंह परमार, प्रेम चौधरी, रमेश चौरसिया, हेमेंद्र जोशी,मोहन चौहान, शक्तिसिंह राठौर, श्रीमती रीना कलमें, महेश काग, उपेंद्र नागर, रमेश पडियार, रामलाल कटारा, रामचंद्र राठौर, धन्नालाल हामड,प्रेमसिंह राठौर, हरिराम पाटीदार, राजेंश डांगी, गोपाल पुरोहित, लूणचंद भाभर का सम्मान किया गया। View this post on Instagram Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन नन प्रकरण : छत्तीसगढ़ महिला आयोग से आदिवासी युवतियों को न्याय की उम्मीद नहीं, बृंदा करात ने आयोग को लिखा पत्र थांदला में नाबालिग का शव पद्मावती नदी में मिला