प्रदीप चौधरी। उत्तराखंड के जंगलों में आग लगाने के केस में मोसार आलम, नाजेफर आलम, नुरुल, सलीम और फिरोज आलम के रूप में हुई है। ये यहाँ मजदूरी का काम करते थे। ये जंगल में आग लगाते हुए रंगे हाथ वन विभाग को मिले थे। इन दरिंदों के मोबाइल से कई वीडियो भी मिले जिसमें यह जंगल में आग लगाकर उसका वीडियो बना रहे थे मैं फिर से कह रहा हूं इस समुदाय को पर्यावरण से प्रकृति से देश के विकास से कोई मतलब नहीं है यह समुदाय जिस पद पर है समाज के जिस हिस्से में है वही पूरी ताकत लगा रहा है कि किस तरह से भारत को बर्बाद किया जाए किस तरह से भारत को नष्ट किया जाए किस तरह से भारत की अर्थव्यवस्था को खत्म किया जाए Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन इंदौर के विभिन्न थाना क्षेत्र में लगातार बदमाशों के हौसले बुलंद इस संविधान के प्रति संघ-भाजपा को इतनी नफरत क्यों है?