गिरफ्तार पत्रकारों की रिहाई और घटना की निष्पक्ष समीक्षा की मांग, भविष्य में ऐसी घटनाएं रोकने के लिए दिशा-निर्देश जारी करने की अपील जबलपुर/नई दिल्ली। दिल्ली में प्रदर्शन की कवरेज कर रहे पत्रकारों की गिरफ्तारी की खबरों पर राष्ट्रीय श्रमजीवी पत्रकार परिषद ने कड़ा विरोध जताया है। परिषद ने मामले में हस्तक्षेप की मांग करते हुए राष्ट्रपति को पत्र लिखा है। परिषद ने पत्रकारों की सुरक्षा, स्वतंत्रता और निष्पक्ष पत्रकारिता के अधिकारों को सुनिश्चित करने की मांग उठाई है। परिषद के राष्ट्रीय संयोजक नलिन कांत बाजपेयी ने कहा कि प्रदर्शन की कवरेज के दौरान पत्रकारों की गिरफ्तारी की खबरें चिंताजनक हैं। पत्रकार लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ऐसे में समाचार संकलन के दौरान उनकी सुरक्षा और स्वतंत्रता सुनिश्चित करना शासन-प्रशासन की जिम्मेदारी है। कानूनी प्रक्रिया के पालन पर जोर परिषद ने कहा कि यदि पत्रकार अपनी पेशेवर जिम्मेदारी निभाते हुए समाचार संकलन कर रहे थे, तो उनके विरुद्ध की गई कार्रवाई की परिस्थितियों की निष्पक्ष समीक्षा होनी चाहिए। परिषद के अनुसार, कानून-व्यवस्था बनाए रखना पुलिस का दायित्व है, लेकिन इस दौरान कानून, निष्पक्षता और संवैधानिक मर्यादाओं का पालन भी आवश्यक है। परिषद ने सवाल उठाया कि समाचार कवरेज के दौरान पत्रकारों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है या नहीं। साथ ही गिरफ्तारियों के आधार, कानूनी प्रक्रिया और संबंधित परिस्थितियों की निष्पक्ष जांच की आवश्यकता पर भी जोर दिया। पत्रकारों की रिहाई और दिशा-निर्देश जारी करने की मांग राष्ट्रीय श्रमजीवी पत्रकार परिषद ने मांग की है कि गिरफ्तार पत्रकारों को तत्काल रिहा किया जाए। साथ ही, भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए जाएं, ताकि पत्रकार बिना किसी अनुचित बाधा के अपनी पेशेवर जिम्मेदारियों का निर्वहन कर सकें। परिषद ने कहा कि पत्रकारों की सुरक्षा और स्वतंत्रता लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण है। इस संबंध में राष्ट्रपति से हस्तक्षेप कर उचित कदम उठाने की अपील की गई है। — नलिन कांत बाजपेयीराष्ट्रीय संयोजक, राष्ट्रीय श्रमजीवी पत्रकार परिषद Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन जबलपुर-इंदौर इंडस्ट्रियल कॉरिडोर से बदलेगी मध्यप्रदेश की औद्योगिक तस्वीर, ₹3 लाख करोड़ के निवेश का लक्ष्य भोपाल में वर्ग-2 और वर्ग-3 के अभ्यर्थियों का प्रदर्शन जारी, रोशनपुरा चौराहे पर जाम