इन्दौर। मोहम्मद शाहिद। कुछ समय पहले भागीरथ पूरा क्षैत्र में एक मासूम बच्चे की नाले में डूबने से मौत हुई,,,अब एक बच्ची की दुसरे क्षैत्र में कल नाले में डूबने से मौत,,,क्षैत्र में आक्रोश व्याप्त है, लगातार घटनाएं घटित हो रही है,,, शहर में नगर निगम ने जब नाला टैपिंग कर दिया तो, फिर यह नाले और इनमें पानी,पंचकुईया क्षेत्र में भी एक युवक नाले में डुब गया था जबकि वहां तो नाला टैपिंग किया गया था फिर पानी,,, कैसे था आज भी है।हादसे होते हैं पर हादसे लापरवाही कारण से हो तो मन खिन्नता और आक्रोश से भर उठता है, लापरवाही है नाले में यह पानी कौन सा है और अगर ड्रैनेज का गंदा पानी है तो फिर,, और बरसाती पानी तो हो नहीं सकता,, दुसरा बच्चा फिर बच्ची अकेले तो नाले तरफ नहीं जा सकते यह भी विचारणीय प्रश्न है।कौए के बच्चे की मृत्यु पर कौए इकट्ठा होकर आसमान सर पर उठा लेते हैं दुघर्टना पर बदला लेते हैं राह चलते लोगों से,,, भीड़ तंत्र आज आक्रोशित हैं,,,कल चुप इस शहर की आदत में शुमार है, लड़ाई लड़ने वाले बेवकूफ, पागल या कुपमण्डूक कहलाते हैं, तुच्छ मानसिकता के होते हैं। विकास विरोधी है।शहर विकास मतलब 36मौते और फिर चुप्पी, विकास मतलब आग लगना फिर चुप्पी कार्यवाही दिखावटी,,,बैंसमैट कार्यवाही दिखावटी,मिलावट खिलाफ कार्यवाही छुटपुट,,,आक्रोशित लोगों को समझा दिया जायेगा,कल मन दुखता, सहभागिता करने वाले अब सरकारी अधिकारियों के इशारे पर चुप्पी साधेगे,,,हमे क्या हम तो अपने रास्ते,,36मौतो पर वे घर भी चुप्पी साधे हुए हैं जिनके खातिर हम लड़ें थे, जलाशय तालाब कुएं बावड़ी साफ हो मुहिम चलाई, क्या हुआ सबको पता,,,सबसे दुःख में सहभागिता करो दुखी होने का ढोंग करो बस फिर अपने रास्ते,,,मैं भी अब बस दुखी हूं सहभागी हूं दुःख में, बच्चे काल कवलित होते रहे आवाज बुलंद नहीं करना बस ,,, Share this:Tweet Email a link to a friend (Opens in new window) Email Share on WhatsApp (Opens in new window) WhatsApp PostMoreLike this:Like Loading… Related पोस्ट नेविगेशन केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा बाल विवाह मुक्त भारत अभियान की आज शुरुआत की गई। “बाल विवाह मुक्त भारत” अभियान के तहत जागरूकता संगोष्ठी का आयोजन